जयपुर: राजस्थान में गुरुवार तक शेखावटी और हाडौती अंचल के कई हिस्सों में बारिश से अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है. मौसम विभाग के प्रवक्ता के अनुसार सुबह तक शेखावटी अंचल के नीमकाथाना में 45 मिलीमीटर, श्रीमाधोपुर में 29 मिलीमीटर, सीकर में 18 मिलीमीटर और पिलानी में 3.7 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई. उन्होंने बताया कि अलवर में 10 मिलीमीटर, राजधानी जयपुर में 10 मिलीमीटर, कोटा में 8.9 मिलीमीटर, बूंदी में एक मिलीमीटर और अजमेर में 0.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई.
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मौसम विभाग के प्रवक्ता ये भी बताया कि प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में कल अधिकतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस से 43.6 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया तो वहीं न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस से 31.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.वहीं मौसम विभाग ने शुक्रवार प्रदेश के पूर्वी हिस्सों के अजमेर, अलवर, बांसवाडा, बांरा, भीलवाडा, बूंदी, झालावाडा, कोटा, प्रतापगढ़ और राजसमंद में भारी बारिश होने का अनुमान जताया है.
बता दें कि उदयपुर के प्रतापगढ़ में हो रही भारी बारिश लोगों पहले ही काफी परेशान है. मुसलाधार बारिश से आस पास की नदियों का जल स्तर खतरे के निशान से उपर आ गया है. वहीं इलाके के कई पुल जलमग्न हो गए हैं. बारिश से एक ओर जहां किसानों को राहत मिली है, तो वहीं नदियों के उफान पर आने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है.
नदियों के जलस्तर बढ़ने पानी रास्तों पर आ गया है. जिससे कई सड़कें बंद हो गई हैं. रास्तों और पुलों के जलमग्न होने के कारण इलाके के पचासों गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से टूट गया है. बच्चों का स्कूल जाना बंद हो गया है. यहां तक की हॉस्पिटल और अन्य सुविधाएं पूरी तरह रुक गई हैं.
वहीं कोटा में भी मुसलाधार बारिश ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है. कोटा के किशनपुरा और कुंदनपुर क्षेत्र में कई गाँवो का संपर्क टूट गया है. वहीं आधा दर्जन से अधिक गाँवों का संपर्क अन्य गाँवों से टुट गया है. वैसे तो बारिश के शुरू होने से लोगों को गर्मी व उमस से राहत और सूखती फसल को मिला जीवनदान मिला है. लेकिन कई इलाकों में मुसलाधार बारिश लोगों के लिए आफत लेकर भी आई है.
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